श्री विद्या साधना | प्रमुख विधियां, मुख्य मंत्र

Rajarajeshwari Devi

श्री विद्या साधना | प्रमुख विधियां, मुख्य मंत्र.. श्री विद्या साधना एक गूढ़ तांत्रिक और आध्यात्मिक साधना पद्धति है जिसमें देवी त्रिपुरा सुंदरी की उपासना, श्री यंत्र पूजा और बीज मंत्रों के माध्यम से आत्मिक जागरण और मोक्ष का मार्ग प्रशस्त होता है। इसकी साधना में मंत्र, यंत्र, पूजा, ध्यान, और गुरु-दीक्षा का विशेष महत्व […]

कौनसी राशि की जातक कौनसी देवता की आराधना करें | Kaunsi Rashi Ki Jathak Kaunsi Devta Ki Aradhana

जातक को किस देवता की आराधना करनी चाहिए। मेष राशि (Aries) मंगल ग्रह के अधीन है, यह राशि अग्नि तत्‍वीय, चतुष्‍पदीय चर स्‍वभाव की है। चर स्‍वभाव के कारण गतिशीलता इन जातकों का प्रमुख गुण होता है। बल की अधिकता होने के कारण इस राशि के अधिक प्रभाव वाले जातकों को मंगल के प्रतीक हनुमानजी […]

Dubri Satam Vrat Katha in Hindi | दुबड़ी सातें, दुबड़ी सप्तमी व्रत कथा

भाद्रपद शुक्ला सप्तमी को दुबड़ी सप्तमी के नाम से मनाया जाता है| यह त्योहार राजस्थान में मुख्य रूप में मनाया जाता है| जिस दिन महिलाएं अपने संतान की मंगल कामना के लिए व्रत करती है तथा दुबड़ी माता की पूजा करते हैं| जिस दिन एक पाटे पर कुछ बच्चों (दुबड़ी) की मूर्ति, सर्पों की मूर्ति, […]

Rishi Panchami Vrat Katha in Hindi | ऋषि पंचमी व्रत कथा | ऋषि पंचमी पूजन की कहानी

Saptarishis

ऋषि पंचमी व्रत भाद्रपदा शुक्ल पंचमी के दिन मनाई जाती है| ऋषि पंचमी व्रत विधि में दो कथाये पठन करनी चहिये| वह दो कथाये इस प्रकार के है| ऋषि पंचमी व्रत विधि, कैसे करें ऋषि पंचमी पूजन Rishi Panchami Vrat Katha in English Importance of Rishi Panchami Vrat ऋषि पंचमी व्रत कथा – १ एक नगर […]

महा विपरीत प्रत्यंगिरा स्तोत्रम | विधि, साधना, विधान

Maha Viparita Pratyangira Stotram in Hindi – Pujan Vidhi, Sotra Sadhana, Pujan Vidhan in Hindi. नमस्कार मन्त्रः- श्रीमहाविपरीत प्रत्यंगिरा काल्यै नमः । ।।पूर्व-पीठिका-महेश्वर उवाच।। श्रृणु देवि, महा-विद्यां, सर्व-सिद्धि-प्रदायिकां। यस्याः विज्ञान-मात्रेण, शत्रु-वर्गाः लयं गताः।। विपरीता महा-काली, सर्व-भूत-भयंकरी। यस्याः प्रसंग-मात्रेण, कम्पते च जगत्-त्रयम्।। न च शान्ति-प्रदः कोऽपि, परमेशो न चैव हि। देवताः प्रलयं यान्ति, किं पुनर्मानवादयः।। पठनाद्धारणाद्देवि, […]

Mahashivaratri Vrat Katha in Hindi

महाशिवरात्रि की पवित्र प्रामाणिक कथा पूर्व काल में चित्रभानु नामक एक शिकारी था। जानवरों की हत्या करके वह अपने परिवार को पालता था। वह एक साहूकार का कर्जदार था, लेकिन उसका ऋण समय पर न चुका सका। क्रोधित साहूकार ने शिकारी को शिवमठ में बंदी बना लिया। संयोग से उस दिन शिवरात्रि थी। शिकारी ध्यानमग्न […]

गर्भ में लड़का या लड़की होने के लक्षण | Garbh me ladka ya ladki hone ki lakshan

baby-ganapathi-shivaparvathi

गर्भावस्था का समय 9 माह का होता है जो कि सभी दम्पत्तियों के लिए काफी लम्बा समय होता। परिवार में सभी जन ये जानने को उत्सुक रहते हैं कि वो गर्भावस्था के लम्बे समय अन्तराल के बाद घर का चिराग कहे जाने वाले वालक का स्वागत करेंगें या फिर लक्ष्मी रूपी कन्या का। गर्भवती महिलायों […]

इन चीज़ों का भोग लगाने पर देवी-देवता होते है जल्दी प्रसन्न | भगवन के प्रिय भोग | Bhagvan Ke Priya Bhog

Naivedyam

इन चीज़ों का भोग लगाने पर देवी-देवता होते है जल्दी प्रसन्न भगवन के प्रिय भोग : हिंदू धर्म में भोजन करते समय सात्विकता के अलावा अच्छी भावना और अच्छे वातावरण और आसन का बहुत महत्व माना गया है। यही कारण है कि सिर्फ इंसान ही नहीं देवता भी भोजन का खास ख्याल रखने पर जल्दी […]

वेदों में अग्नि की माहात्म्य | Vedon Me Agni Ki Mahatmya

वेदों में अग्नि की माहात्म्य यज्ञादि कर्मों में अग्नि के नाम एवं वेदों में अग्नि की महत्ता अग्नि की उत्पत्ति के सम्बन्ध में पौराणिक गाथा इस प्रकार है-सर्वप्रथम धर्म की वसु नामक पत्नी से अग्नि उत्पन्न हुआ। उसकी पत्नी स्वाहा से उसके तीन पुत्र हुए- पावक पवमान शुचि छठे मन्वन्तर में वसु की वसुधारा नामक […]

षोडश मातृका | Shodash Matruka

Akhilanda Koti Brahmanda Nayaki Maa Shakti

षोडश मातृका गौरी पद्मा शची मेधा, सावित्री विजया जया । देवसेना स्वधा स्वाहा, मातरो लोकमातरः॥ धृतिः पुष्टिस्तथा तुष्टिः, आत्मनः कुलदेवता । गणेशेनाधिका ह्येता, वृद्धौ पूज्याश्च षोडश॥ गौरी :- स्वामी भगवान शिव :- हिमालय की पुत्री तथा शिव की अर्द्धागिनी के रूप में अंकित हैं। वे देवी, दुर्गा, गौरी, पार्वती, उमा आदि 108 नामों से विख्यात […]

वसंत पंचमी व्रत कथा | Vasant Panchami Vrat Katha

बसंत पंचमी अत्यंत आनंद का पर्व है | साधकों के लिए यह पर्व अत्यंत महत्वपूर्ण है | अध्यात्म मैं रुचि रखने वाले लोग इस दिन की प्रतीक्षा सरस्वती को सिद्ध करने के लिए करते हैं | सरस्वती माता ज्ञान की देवी है और ज्ञान कि एक व्यक्ति के लिए आवश्यक है, चाहे किसी भी उम्र […]

दुर्घटना से बचने के टोटके | Accident Totke | वाहन दुर्घटना से बचने के लिये आसान उपाय

वाहन दुघर्टन से बचने के लिए टोटके जव हम या हमारा कोई अपना वाहन से कहीं जाता है तो हमारे मन में कहीं न कहीं न संसय बना रहता है कि कहीं कोई दुर्घटना न हो जाये। छुट पुट घटनायें जिनमें हल्की फुल्की चोट–चपेट तो अक्सर हम सभी के साथ होती है लेकिन जब हम […]

9 धन प्राप्ति के अचूक टोटके | 9 Dhan Prapti ke Achuk Totke

हर कोई व्यक्ति अपने जीवन में अधिक से अधिक धन प्राप्त करना चाहता है इसी इच्छा को मन मे पाल कर वह दिन रात मेहरत करता रहता है। परन्तु ऐसे बहुत कम लोग होते है जिन पर माॅ लक्ष्मी की कृपा बरसती है। हम मेहनत तो बहुत करते है पर उसका कोई फायदा नही होते […]

वैभव लक्ष्मी व्रत

शुक्रवार को लक्ष्मी देवी का भी व्रत रखा जाता है। इसे वैभवलक्ष्मी व्रत भी कहा जाता है। इस दिन स्त्री-पुरुष देवी लक्ष्मी की पूजा-अर्चना करते हुए श्वेत पुष्प, श्वेत चंदन से पूजा कर तथा चावल और खीर से भगवान को भोग लगाकर प्रसाद ग्रहण करते हैं। इस व्रत के दिन उपासक को एक समय भोजन […]

राशियों का स्वभाव | यह है अप्पके राशि का स्वाभाव | Rashiyon Ka Swabhaav

राशियों का स्वभाव | यह है अप्पके राशि का स्वाभाव | Rashiyon Ka Swabhaav.. द्वादश राशियों में हर एक राशि एक तरह की स्वाभाव से प्रकटित होती है | जाती, संग्ना, तत्व, दिशा की अधिपत्य, वर्ण आदि. एक राशि का स्वाभाव माना जाता है | मेष राशि – पुरुष जाति, चरसंज्ञक, अग्नि तत्व, पूर्व दिशा […]

पुत्र प्राप्ति के उपाय | Putra Prapti ke Upay

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पुत्र प्राप्ति के लिए उपाय एक समय था जब लोग अपने परिवार के लिए लड़कों को आवश्यक मानते थे। और लड़कियों को उनसे कम समझते थे। हालाकि अब इस सोच में वहुत बड़ा परिवर्तन देखने को मिलता है। और अब लोग लड़कियो और लड़को को समान रूप से देखने नगे है। ऐसा आपको सामान्यता देखने […]

पञ्चमहापुरुष योग | Pancha Mahapurush Yoga

भारतीय ज्योतिष शास्त्र में पञ्चमहापुरुष योग | Pancha Mahapurush Yoga | कौनसी योग पञ्चमहापुरुष योग कहलाता है? १- रूचक योग (Ruchak Yog) जन्मकुण्डली में अगर मंगल अपनी राशि का होकर मूल त्रिकोण में अथवा उच्च राशि का होकर केन्द्र में स्थित हों , तो रूचक योग होता है। निष्कर्ष – रूचक योग में जन्म लेनेवाला […]

श्राद्ध करते समय ध्यान रखने 26 नियम | Shraddh Ke 26 Niyam

Pitru Paksha Shraddh Mahalaya Paksha

श्राद्ध करते समय ध्यान रखने योग्य 26 नियम धर्म ग्रंथों के अनुसार श्राद्ध के सोलह दिनों में लोग अपने पितरों को जल देते हैं तथा उनकी मृत्युतिथि पर श्राद्ध करते हैं। ऐसी मान्यता है कि पितरों का ऋण श्राद्ध द्वारा चुकाया जाता है। वर्ष के किसी भी मास तथा तिथि में स्वर्गवासी हुए पितरों के […]

मन्त्रों से रोग निवारण | Mantro Se Rog Nivaran

मन्त्रों से करें रोग निवारण.. कैंसर रोग निवारण, मस्तिष्क रोग निवारण, आंखों के रोग निवारण, हृदय रोग निवारण, स्नायु रोग निवारण, कान संबंधी रोग निवारण.. कैंसर रोग “ॐ नम: शिवाय शंभवे कर्केशाय नमो नम:।” यह मंत्र किसी भी तरह के कैंसर रोग में लाभदायक होता है। मस्तिष्क रोग “ॐ उमा देवीभ्यां नम:।” यह मंत्र मस्तिष्क संबंधी विभिन्न रोगों जैसे सिरदर्द, हिस्टीरिया, याददाश्त जाने आदि […]

शुभाशुभ नक्षत्र | Shubh Ashubh Nakshatra | २७ नक्षत्र की शुभ अशुभ फल

शुभाशुभ नक्षत्र – प्रत्येक की अलग अलग संख्या उनके चरणों को संबोधित करती है | जानिये नक्षत्र जिनकी शान्ति करना जरुरी है | 1).अश्विनी का- पहला चरण.(1).अशुभ है. 2).भरणी का – तिसरा चरण.(3).अशुभ है. 3).कृतीका का – तीसरा चरण.(3).अशुभ है. 4).रोहीणी का – पहला,दूसरा और तीसरा चरण.(1,2,3).अशुभ है. 5).आर्द्रा का – चौथा चरण.(4).अशुभ है. 6).पुष्य नक्षत्र का – दूसरा और तीसरा […]